धुसकिया में “जनजाति गौरव दिवस“ का राज्यपाल ने किया शुभारंभ
धुसकिया में “जनजाति गौरव दिवस“ का राज्यपाल ने किया शुभारंभ पीएम के कार्यक्रम की लाइव स्ट्रीमिंग में लिया गया संकल्प लखीमपुर-खीरी। जिले के सुदूर एवं सीमावर्ती जनजातीय क्षेत्र के ग्राम धुसकिया में “जनजाति गौरव दिवस“ का शुभारंभ राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी के साथ फीता काट कर किया। जनजाति गौरव दिवस“ कार्यक्रम में शिरकत करने के लिये सूबे की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल अपने निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार हेलीकॉप्टर से पलिया हवाई पट्टी पहुंची। जहां डीएम महेंद्र बहादुर सिंह व एसपी गणेश प्रसाद साहा ने पुष्पगुच्छ देकर उनका स्वागत किया। उसके बाद गवर्नर का काफिला कार्यक्रम स्थल धुसकिया पहुंचा। गवर्नर ने केंद्रीय मंत्री के साथ विभिन्न विभागीय स्टालों का अवलोकन किया। इस दौरान थारू जनजाति की महिलाओं एवं बालिकाओं से मुलाकात कर संवाद किया। एकलव्य आवासीय मॉडल विद्यालय की बालिकाओं ने स्वागत गीत एवं थारू महिलाओं ने थारू होली नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति देकर सभी का मन मोहा। विभिन्न लाभार्थियों को योजनाओं की सौगातें दीं। इसके बाद झारखंड में आयोजित पीएम के प्रोग्राम की लाइव स्ट्रीमिंग देखी एवं सुनी गई। राज्यपाल ने थारू जनजाति के जनसमूह को संबोधित करते हुए बिरसा मुंडा की जन्म जयंती की शुभकामनाएं देते हुए देश के लिए किए गए योगदान व उनके कृतित्व एवं व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि पीएम के उद्बोधन को आप सभी ने पूरे मन से सुना है। पीएम ने आप सभी के सामने महत्वपूर्ण और जनकल्याणकारी योजनाओं को रखा है, इसका लाभ उठाएं। योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाना अधिकारियों की जिम्मेदारी है। अधिकारी इस अभियान के जरिए आदिवासी भाई-बहनों तक योजनाओं को लेकर पहुंचें। हमारी और प्रधान की समेकित जिम्मेदारी है। 05 वर्ष पूरे करने वाले बच्चों को उंगली पड़कर स्कूल तक पहुंचाएं। कहा कि कमियों को ढूंढना और दूर करना पड़ेगा। स्टालों के अवलोकन का जिक्र करते हुए कहा कि जब राशन कार्ड का शत प्रतिशत लक्ष्य पूरा है तो आयुष्मान योजना का लाभ क्यों नहीं। पूरे प्रयास किए जाएं, जो परिवार बाहर चले गए हैं, वह त्यौहार में घरों पर आ गए होगे। जिम्मेदारीपूर्वक प्रयास करें कि कोई भी पात्र व्यक्ति कार्ड से वंचित न रह पाए। आदिवासी समाज तक घर-घर जाने की बात हो रही है, यात्रा हमारे गांव कब आने वाली है, इसकी जानकारी अवश्य रखें। ताकि आप योजनाओं का लाभ के लिए दरवाजे पर इनरोल हो सके। उन्होंने कहा कि आजादी के इतने वर्षों बाद एक महिला को आवास मिला। कितनी खुशी मिलती होगी। उन्होंने कहा कि मैंने वर्षों तक मोदी के नेतृत्व में काम किया। पीएम ने आज के भाषण में जिक्र किया कि उन्होंने आदिवासी भाइयों का नमक खाया है, जिसे वह आज अदा कर रहे हैं। कठिन परिस्थितियों में थारू जनजाति पूरी सूझबूझ और ताकत से काम कर रही है। यदि उन्हें सहायता मिलेगी तो वह बहुत आगे जाएंगे। बाक्स- जनजातीयों का किया आह्वान चंदनचौकी-खीरी। राज्यपाल ने जनजातीयों का आह्वान करते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ लेने के लिए आगे आएं और पीएम के इस अभियान से जुड़ें। चिकित्सा, शिक्षा एवं बाल विकास विभाग संकल्पित होकर बच्चों की सभी जांच एवं टीकाकरण को सुनिश्चित कराएं। ग्राम प्रधान विकास कार्य के पैसे का सदुपयोग करें। गांव की आंगनवाड़ी को आदर्श एवं संसाधनयुक्त बनाएं। पीएम द्वारा दिए गए चार स्तंभों के हिसाब से घर-घर तक लाभ पहुंचे, इसे मिलकर सुनिश्चित कराएं। उन्होंने विश्वास जताया कि अफसर और ग्रामीण मिलकर इस संकल्प को पूरा करने का सपना साकार करेंगे। केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा टेनी ने बिरसा मुंडा की जन्म जयंती की शुभकामनाएं दीं। जनजाति भाई-बहनों की स्वतंत्रता संग्राम में जो भूमिका रही, उसे रेखांकित करने के उद्देश्य से सरकार ने न केवल संग्रहालय बनाया बल्कि देश में 10 नए संग्रहालय बनाकर सबको उनसे अवगत कराने का काम किया जाएगा। पीएम मानते हैं कि आदिवासी क्षेत्र में रहने वाले भाई-बहनो की देश में बड़ी भूमिका रही है, आप देश के आदि निवासी हैं। पीएम ने देश की राष्ट्रपति के रूप में पहली आदिवासी महिला को चुना। संवैधानिक रूप से वह देश की प्रथम नागरिक हैं। पीएम ने “मन की बात“ के 100 एपिसोड में करीब 25 बार जनजातियों का जिक्र करते हुए उनकी भूमिका को रेखांकित किया है। आपकी जीवन शैली सबको प्रेरित एवं प्रोत्साहित करती है। जनजाति के समग्र विकास के लिए पीएम ने कई योजनाएं चलाईं। जनजातीय समूह एवं संस्कृति के विकास के लिए पीएम आदर्श आदि ग्राम योजना शुरू की। उन्होंने जनजाति विकास के लिए किए गए नए प्रावधानों एवं बजट में बढ़ोतरी की विस्तृत जानकारी दी। कार्यक्रम के अंत में अपर मुख्य सचिव देवेश चतुर्वेदी ने राज्यपाल व केंद्रीय मंत्री के प्रति आभार ज्ञापित करते हुए कहा कि आज के कार्यक्रम में जो भी दिशा निर्देश एवं मार्गदर्शन प्राप्त हुआ है, उनका पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित कराया जाएगा। उन्होंने जनजातीय क्षेत्र के वाशिंदो से इस कार्यक्रम से जुडने का आवाह्नन किया। बाक्स- पीएम के कार्यक्रम की हुई लाइव स्ट्रीमिंग कार्यक्रम स्थल पर एलईडी स्क्रीन के जरिए झारखंड के खूंटी में तीसरे जनजातीय गौरव दिवस, 2023 के उपलक्ष्य में आयोजित पीएम नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम की लाइव स्ट्रीमिंग हुई, जिसे राज्यपाल, केंद्रीय मंत्री सहित अफसरो एवं जनजातीय क्षेत्र के वाशिंदो ने देखा और सुना। बाक्स- राज्यपाल ने केंद्रीय मंत्री के साथ किया स्टॉलो का अवलोकन राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने केन्द्रीय गृहराज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी, अपर मुख्य सचिव देवेश चतुर्वेदी, डीएम व एसपी के साथ केंद्र एवं प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओ पर आधारित बैंकिंग, समाज कल्याण, कृषि, स्वास्थ्य, आयुर्वेद, खाद एवं रसद, जनजाति विकास, ग्राम्य विकास, पंचायती राज एवं पशुपालन विभाग सहित विभिन्न विभागों के स्टालो का अवलोकन कर जानकारी लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। गवर्नर ने जनजाति स्टाल पर उपलब्ध “थारू हस्त उत्पाद“ की प्रशंसा की। इसके बाद राज्यपाल ने सैम श्रेणी के आदि कुपोषित शिशु विष्णु, अरुण, अवनी, कार्तिक व पायल को दुलारते हुए सुपोषण किट का वितरण किया। इसके अलावा राज्यपाल ने आईईसी (सूचना, शिक्षा और संचार) वैन का अवलोकन किया। साथ ही निर्देश दिए कि यह वैन निर्धारित रोस्टर के अनुसार जनजातीय क्षेत्र के सभी 24 गांव में दस्तक देकर सभी पात्रों को योजनाओं से संतृप्त कराएगी। बाक्स- इनको मिली योजनाओ की सौगात गवर्नर ने केंद्रीय मंत्री के साथ पीएम आवास योजना की लाभार्थी अर्पिता, मैना देवी, ममता व राखी को चाभी और आवास स्वीकृत प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। आयुष्मान योजना के लाभार्थी पालूराम, दाशनी देवी, जयकिशन, स्नेहा व दीपांशी को गोल्डन कार्ड प्रदान किए। पीएम किसान सम्मान निधि के लाभार्थी अजय, परशुराम, आसाराम, रामबरन एवं मंगल सिंह को प्रतीकात्मक चेक प्रदान की। गवर्नर ने जनजाति क्षेत्र में उत्कृष्ट सामाजिक कार्य के लिए फूलसिंह राणा, मूर्ति कला के लिए सोनम राणा, एकलव्य विद्यालय के मेधावी छात्र सिद्धांत राणा, राहुल राणा, सहिलता, आयुष राणा, चेतना, आंगनवाड़ी वर्कर माया देवी, आजीविका सखी बीना कुमारी, वरिष्ठ सीआरपी रामकली, ग्राम प्रधान पेड़ाकली, स्वास्थ्य विभाग से कांति देवी को पुरस्कार एवं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया।

धुसकिया में “जनजाति गौरव दिवस“ का राज्यपाल ने किया शुभारंभ
पीएम के कार्यक्रम की लाइव स्ट्रीमिंग में लिया गया संकल्प

लखीमपुर-खीरी। जिले के सुदूर एवं सीमावर्ती जनजातीय क्षेत्र के ग्राम धुसकिया में “जनजाति गौरव दिवस“ का शुभारंभ राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी के साथ फीता काट कर किया।
जनजाति गौरव दिवस“ कार्यक्रम में शिरकत करने के लिये सूबे की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल अपने निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार हेलीकॉप्टर से पलिया हवाई पट्टी पहुंची। जहां डीएम महेंद्र बहादुर सिंह व एसपी गणेश प्रसाद साहा ने पुष्पगुच्छ देकर उनका स्वागत किया। उसके बाद गवर्नर का काफिला कार्यक्रम स्थल धुसकिया पहुंचा। गवर्नर ने केंद्रीय मंत्री के साथ विभिन्न विभागीय स्टालों का अवलोकन किया। इस दौरान थारू जनजाति की महिलाओं एवं बालिकाओं से मुलाकात कर संवाद किया। एकलव्य आवासीय मॉडल विद्यालय की बालिकाओं ने स्वागत गीत एवं थारू महिलाओं ने थारू होली नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति देकर सभी का मन मोहा। विभिन्न लाभार्थियों को योजनाओं की सौगातें दीं। इसके बाद झारखंड में आयोजित पीएम के प्रोग्राम की लाइव स्ट्रीमिंग देखी एवं सुनी गई। राज्यपाल ने थारू जनजाति के जनसमूह को संबोधित करते हुए बिरसा मुंडा की जन्म जयंती की शुभकामनाएं देते हुए देश के लिए किए गए योगदान व उनके कृतित्व एवं व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि पीएम के उद्बोधन को आप सभी ने पूरे मन से सुना है। पीएम ने आप सभी के सामने महत्वपूर्ण और जनकल्याणकारी योजनाओं को रखा है, इसका लाभ उठाएं। योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाना अधिकारियों की जिम्मेदारी है। अधिकारी इस अभियान के जरिए आदिवासी भाई-बहनों तक योजनाओं को लेकर पहुंचें। हमारी और प्रधान की समेकित जिम्मेदारी है। 05 वर्ष पूरे करने वाले बच्चों को उंगली पड़कर स्कूल तक पहुंचाएं। कहा कि कमियों को ढूंढना और दूर करना पड़ेगा। स्टालों के अवलोकन का जिक्र करते हुए कहा कि जब राशन कार्ड का शत प्रतिशत लक्ष्य पूरा है तो आयुष्मान योजना का लाभ क्यों नहीं। पूरे प्रयास किए जाएं, जो परिवार बाहर चले गए हैं, वह त्यौहार में घरों पर आ गए होगे। जिम्मेदारीपूर्वक प्रयास करें कि कोई भी पात्र व्यक्ति कार्ड से वंचित न रह पाए। आदिवासी समाज तक घर-घर जाने की बात हो रही है, यात्रा हमारे गांव कब आने वाली है, इसकी जानकारी अवश्य रखें। ताकि आप योजनाओं का लाभ के लिए दरवाजे पर इनरोल हो सके। उन्होंने कहा कि आजादी के इतने वर्षों बाद एक महिला को आवास मिला। कितनी खुशी मिलती होगी। उन्होंने कहा कि मैंने वर्षों तक मोदी के नेतृत्व में काम किया। पीएम ने आज के भाषण में जिक्र किया कि उन्होंने आदिवासी भाइयों का नमक खाया है, जिसे वह आज अदा कर रहे हैं। कठिन परिस्थितियों में थारू जनजाति पूरी सूझबूझ और ताकत से काम कर रही है। यदि उन्हें सहायता मिलेगी तो वह बहुत आगे जाएंगे।
बाक्स–
जनजातीयों का किया आह्वान
चंदनचौकी-खीरी। राज्यपाल ने जनजातीयों का आह्वान करते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ लेने के लिए आगे आएं और पीएम के इस अभियान से जुड़ें। चिकित्सा, शिक्षा एवं बाल विकास विभाग संकल्पित होकर बच्चों की सभी जांच एवं टीकाकरण को सुनिश्चित कराएं। ग्राम प्रधान विकास कार्य के पैसे का सदुपयोग करें। गांव की आंगनवाड़ी को आदर्श एवं संसाधनयुक्त बनाएं। पीएम द्वारा दिए गए चार स्तंभों के हिसाब से घर-घर तक लाभ पहुंचे, इसे मिलकर सुनिश्चित कराएं। उन्होंने विश्वास जताया कि अफसर और ग्रामीण मिलकर इस संकल्प को पूरा करने का सपना साकार करेंगे। केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा टेनी ने बिरसा मुंडा की जन्म जयंती की शुभकामनाएं दीं। जनजाति भाई-बहनों की स्वतंत्रता संग्राम में जो भूमिका रही, उसे रेखांकित करने के उद्देश्य से सरकार ने न केवल संग्रहालय बनाया बल्कि देश में 10 नए संग्रहालय बनाकर सबको उनसे अवगत कराने का काम किया जाएगा। पीएम मानते हैं कि आदिवासी क्षेत्र में रहने वाले भाई-बहनो की देश में बड़ी भूमिका रही है, आप देश के आदि निवासी हैं। पीएम ने देश की राष्ट्रपति के रूप में पहली आदिवासी महिला को चुना। संवैधानिक रूप से वह देश की प्रथम नागरिक हैं। पीएम ने “मन की बात“ के 100 एपिसोड में करीब 25 बार जनजातियों का जिक्र करते हुए उनकी भूमिका को रेखांकित किया है। आपकी जीवन शैली सबको प्रेरित एवं प्रोत्साहित करती है। जनजाति के समग्र विकास के लिए पीएम ने कई योजनाएं चलाईं। जनजातीय समूह एवं संस्कृति के विकास के लिए पीएम आदर्श आदि ग्राम योजना शुरू की। उन्होंने जनजाति विकास के लिए किए गए नए प्रावधानों एवं बजट में बढ़ोतरी की विस्तृत जानकारी दी। कार्यक्रम के अंत में अपर मुख्य सचिव देवेश चतुर्वेदी ने राज्यपाल व केंद्रीय मंत्री के प्रति आभार ज्ञापित करते हुए कहा कि आज के कार्यक्रम में जो भी दिशा निर्देश एवं मार्गदर्शन प्राप्त हुआ है, उनका पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित कराया जाएगा। उन्होंने जनजातीय क्षेत्र के वाशिंदो से इस कार्यक्रम से जुडने का आवाह्नन किया।
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पीएम के कार्यक्रम की हुई लाइव स्ट्रीमिंग
कार्यक्रम स्थल पर एलईडी स्क्रीन के जरिए झारखंड के खूंटी में तीसरे जनजातीय गौरव दिवस, 2023 के उपलक्ष्य में आयोजित पीएम नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम की लाइव स्ट्रीमिंग हुई, जिसे राज्यपाल, केंद्रीय मंत्री सहित अफसरो एवं जनजातीय क्षेत्र के वाशिंदो ने देखा और सुना।
बाक्स-
राज्यपाल ने केंद्रीय मंत्री के साथ किया स्टॉलो का अवलोकन
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने केन्द्रीय गृहराज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी, अपर मुख्य सचिव देवेश चतुर्वेदी, डीएम व एसपी के साथ केंद्र एवं प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओ पर आधारित बैंकिंग, समाज कल्याण, कृषि, स्वास्थ्य, आयुर्वेद, खाद एवं रसद, जनजाति विकास, ग्राम्य विकास, पंचायती राज एवं पशुपालन विभाग सहित विभिन्न विभागों के स्टालो का अवलोकन कर जानकारी लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। गवर्नर ने जनजाति स्टाल पर उपलब्ध “थारू हस्त उत्पाद“ की प्रशंसा की। इसके बाद राज्यपाल ने सैम श्रेणी के आदि कुपोषित शिशु विष्णु, अरुण, अवनी, कार्तिक व पायल को दुलारते हुए सुपोषण किट का वितरण किया। इसके अलावा राज्यपाल ने आईईसी (सूचना, शिक्षा और संचार) वैन का अवलोकन किया। साथ ही निर्देश दिए कि यह वैन निर्धारित रोस्टर के अनुसार जनजातीय क्षेत्र के सभी 24 गांव में दस्तक देकर सभी पात्रों को योजनाओं से संतृप्त कराएगी।
बाक्स-
इनको मिली योजनाओ की सौगात
गवर्नर ने केंद्रीय मंत्री के साथ पीएम आवास योजना की लाभार्थी अर्पिता, मैना देवी, ममता व राखी को चाभी और आवास स्वीकृत प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। आयुष्मान योजना के लाभार्थी पालूराम, दाशनी देवी, जयकिशन, स्नेहा व दीपांशी को गोल्डन कार्ड प्रदान किए। पीएम किसान सम्मान निधि के लाभार्थी अजय, परशुराम, आसाराम, रामबरन एवं मंगल सिंह को प्रतीकात्मक चेक प्रदान की। गवर्नर ने जनजाति क्षेत्र में उत्कृष्ट सामाजिक कार्य के लिए फूलसिंह राणा, मूर्ति कला के लिए सोनम राणा, एकलव्य विद्यालय के मेधावी छात्र सिद्धांत राणा, राहुल राणा, सहिलता, आयुष राणा, चेतना, आंगनवाड़ी वर्कर माया देवी, आजीविका सखी बीना कुमारी, वरिष्ठ सीआरपी रामकली, ग्राम प्रधान पेड़ाकली, स्वास्थ्य विभाग से कांति देवी को पुरस्कार एवं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया।







