बनगवां मण्डी में तेजी से फलफूल रहा नशीले पदार्थों का काला कारोबार
पुलिस व वन विभाग नहीं कर रहा कोई ठोस कार्रवाई, मण्डी के अन्य अच्छे व्यापारियों की भी धूमिल हो रही छवि

बनगवां मण्डी में तेजी से फलफूल रहा नशीले पदार्थों का काला कारोबा
– पुलिस व वन विभाग नहीं कर रहा कोई ठोस कार्रवाई, मण्डी के अन्य अच्छे व्यापारियों की भी धूमिल हो रही छवि

(निर्जेश मिश्र “सम्पादक”)
लखीमपुर-खीरी। पलिया तहसील के अन्तर्गत गौरीफंटा में भारत-नेपाल सीमा पर स्थित बनगवां मण्डी में अवैध नशीले मादक पदार्थों की बिक्री धड़ल्ले से हो रही है। सबकुछ जानते हुए भी पुलिस अन्जान बनी हुई है। मण्डी के कुछ फड़ व्यापारी इस अवैध कारोबार को अंजाम दे रहे हैं। ऐसे फड़ व्यापारी मण्डी के अन्य व्यापारियों की भी छवि धूमिल कर रहे हैं। बता दें कि पूर्व में एक फड़ व्यापारी को पकड़ा भी जा चुका है। बताया जा रहा है कि नशीले पदार्थों का कारोबार करने वाले एक व्यक्ति की गाड़ी अभी भी कोतवाली में खड़ी हुई है। एक धंधेबाज को पकड़कर छोड़ा भी जा चुका है। दरअसल गौरीफंटा पुलिस खानापूर्ति करने के लिए कभी-कभी नशीले धंधेबाजों को पकड़ लेती है, परन्तु बाद उन्हें छोड़ दिया जाता है या फिर यूं कहें कि पुलिस को चकमा देकर फरार हो जाता है। जानकारी लेने पर गौरीफंटा चौकी प्रभारी अभिषेक पाण्डेय ने बताया कि कोतवाली में खड़ी गाड़ी अनमोल की है, जिसे दाखिल किया गया है, लेकिन अनमोल पुलिस को चकमा देकर भाग गया था। वैसे देखा जाए तो नशीले कारोबार के लिए वन विभाग भी कोई कम उत्तरदायी नहीं है। तमाम फड़ वन विभाग की भूमि पर भी लगे हुए हैं, जिनमें से कुछ फड़ व्यापारी केवल मादक पदार्थों का काला धंधा करने के लिए ही बैठे हुए हैं। यदि समय रहते ऐसे अवैध नशीले कारोबारियों पर कोई कार्रवाई नहीं की गयी तो निश्चित रूप से इसका प्रभाव एक दिन मण्डी के अन्य व्यापारियों पर भी पड़ना तय है।






