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सावधान इण्डिया न्यूज

लखीमपुर खीरी : पालतू हाथियों के प्रबंधन संबंधी दुधवा में आयोजित हुई कार्यशाला

अखिल भारतीय बाघ आंकलन अभ्यास, 2026 सम्बन्धी तैयारी संबंधी दुधवा में आयोजित हुई कार्यशाला

Savdhan India News

लखीमपुर खीरी जिले की पलिया कलां अखिल भारतीय बाघ आंकलन अभ्यास, 2026 सम्बन्धी तैयारी संबंधी दुधवा में आयोजित हुई कार्यशाला।
दुधवा के पालतू हाथियों के प्रबंधन संबंधी दुधवा में आयोजित हुई कार्यशाला।महावतों एवं चाराकटरों को वन्य जीव एसओएस के उप निदेशक इलाया राजा द्वारा किया गया प्रशिक्षित ।


दुधवा के पालतू हांथियों का 06 दिसंबर तक चलेगा स्वास्थ्य कैंप। आज दुधवा टाइगर रिजर्व प्रभाग, पलिया-खीरी के दुधवा पर्यटन परिसर में प्रातःकालीन दुधवा टाइगर रिजर्व, बफर जोन, लखीमपुर खीरी एवं दुधवा टाइगर रिजर्व प्रभाग, पलिया-खीरी के कार्मिकों का संयुक्त रुप से अखिल भारतीय बाघ आंकलन अभ्यास 2026 संबंधी तैयार के विषय में कार्यशाला का आयोजन किया गया।

इसके उपरांत दुधवा के पालतू हांथियों के प्रबंधन संबंधी दुधवा में विशेषज्ञों की उपस्थिति में कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला को वन्य जीव एसओएस के डिप्टी डायरेक्टर डॉ० इलाया राजा द्वारा सम्बोधित करते हुए प्रस्तुतिकरण के माध्यम से कार्यशाला में उपस्थित महावत, चाराकटर, अधिकारी / कर्मचारियों को हांथियों के प्रबंधन हेतु विस्तृत चर्चा की गई। कार्यशाला में उपस्थित अधिकारियों / कर्मचारियों की शंकाओं का समाधान किया गया। प्रस्तुतिकरण कर रहे। विशेषज्ञ डॉ० इलाया राजा द्वारा महावत एवं चाराकटरों को बताया गया कि हांथियों का उपयोग करने के साथ उसके स्वास्थ्य का ख्याल रखा जाए, जिस प्रकार स्वयं की थकान की अनुभूति होती है, वैसे ही हांथी के स्वास्थ्य एवं आयु के हिसाब से उससे कितना कार्य लिया जाए यह तय किया जाना चाहिए। सही समय पर उसको आवश्यक आहार प्रदान किया जाए। उसके स्वाभाव, स्वास्थ्य परिवर्तन पर पूरा ध्यान दिया जाए, उसकी पहचान करने का प्रयत्न किया जाए। अच्छी जानकारी एकत्र रखने का प्रयत्न किया जाए। हांथी का प्रयोग करते समय उसकी गतिविधियों पर नजर रखी जाए कि वह चलते समय कोई असामान्य व्यवहार तो नहीं कर रहा है, उसे चलने में कोई समस्या तो नहीं आ रही है। यदि समस्या चलने में है तो उसका प्रमुख कारण क्या है, आदि विषयों पर व्यापक चर्चा की गई। कार्यशाला के उपरांत प्रयोगात्मक रुप से विश्लेषण हेतु फील्ड विजिट किया गया। फील्ड विजिट के दौरान डॉ० इलाया राजा, डॉ० राहुल, वन्य जीव एसओएस द्वारा हांथियों के प्रति व्यवहार के समय क्या-क्या चीजें स्मरण रखी जाएं उसके बारे में बताया गया। कार्यशाला में डॉ० इलाया राजा, डॉ० राहुल, श्रिश्ट पचौरी वन्य जीव एसओएस के साथ, जगदीश आर० उपनिदेशक, दुधवा टाइगर रिजर्व प्रभाग, पलिया-खीरी, दीपक कुमार पाण्डेय, उप प्रभागीय वनाधिकारी, बेलरायां, डॉ० मोहम्मद तलहा, वन्य जीव चिकित्सक, दुधवा, संदीप फार्मासिस्ट, दुधवा, सुरेन्द्र कुमार, क्षेत्रीय वन अधिकारी, दक्षिण सोनारीपुर रेंज के अतिरिक्त संबंधित अधिकारी / कर्मचारीगण, मुख्यालय स्टाफ, महावत, चाराकटर, दुधवा बाघ संरक्षण फाउण्डेशन की टीम, बायोलाजिस्ट आदि उपस्थित रहे


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