लखीमपुर खीरी : पलिया विधायक रोमी साहनी का जनता के दर्द बांटने का सिलसिला जारी , क्षेत्र के सबसे लोकप्रिय विधायक हो रहे साबित
क्या है विधायक रोमी साहनी का राजनीतिक कैरियर


पलिया विधायक रोमी साहनी का जनता के दर्द बांटने का सिलसिला जारी , क्षेत्र के सबसे लोकप्रिय विधायक हो रहे साबित
क्या है विधायक रोमी साहनी का राजनीतिक कैरियर
पलिया कलां विधानसभा 137 के लोकप्रिय विधायक हरविंदर कुमार साहनी उर्फ रोमी साहनी हर बार की तरह एक बार फिर किसी जरूरतमंदों के जख्मों पर मरहम लगाने की कोशिश की है जिनके फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं । जानकारी के अनुसार बीते तीन दिन पूर्व एक सड़क हादसे में पलिया विधानसभा के भीरा थाना क्षेत्र के शाहपुर निवासी परिवार के चार सदस्यों की दर्दनाक मौत हो गई थी और उनके परिवार में एक मासूम शिवी ही बची थी अपने परिवार के साथ नहीं गई थी । इस घटना के बाद मृतक परिवार के रिश्तेदार ही नहीं पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई थी । इधर इस घटना की जानकारी विधायक रोमी साहनी को लगी और हमेशा की तरह एक बार फिर पीड़ित परिवार के दुख को कम करने की नाकाम कोशिश करने के लिए वह शाहपुर पहुंचे जहां वहां उस मासूम से मिले । जिसे शायद यह भी नहीं मालूम था की उसके मम्मी पापा बाबा और उसका भाई कहां चला गया है । लेकिन रोमी साहनी इस बात को बहुत भी जानते थे कि उसके मासूम दिमाग में क्या चल रहा है और उन्होंने तुरंत ही चाचा रमाकांत को बुलाकर उस बच्ची के पालन पोषण के लिए ₹20000 की आर्थिक सहायता की और साथ ही शिवी के बड़े होने तक का सारा खर्च वहन करने की बात कही है । जिसकी जानकारी मिलने पर पूरे क्षेत्र में रोमी साहनी की चर्चाएं होने लगी हैं। ऐसा नहीं है कि इस ऐसी मदद वह कभी-कभी ही करते हैं उनके मदद करने का अंदाज ही निराला है जिनको परेशान हाल देख उसके पास दौड़ कर पहुंच गए और उसके दुख को कम करने की कोशिश में जुट गए ।

अभी कुछ दिन पहले भी एक पोस्ट सोशल मीडिया पर वायरल हो रही थी जिसमें विधायक रोमी साहनी अचानक ही जरूरतमंदों के पास पहुंच गए जहां उन्हें पता चला कि किसी के परिवार में कोई सदस्य बीमार है तो कोई कर्ज में डूबा हुआ है तो किसी के रोजगार नहीं चल रहा है और उनका काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है जिसको देखते ही वह सभी जरूरतमंदों के लिए ₹50000 सभी जरूरतमंदों को वितरित कर दिए । इससे पहले भी ग्राम विष्णुपुर में आग लग गई थी जिससे ग्रामीणों का काफी नुकसान हुआ था होली का पर्व नजदीक था जिसको देखते हुए वह तुरंत अग्नि पीड़ितों के पास पहुंचे जहां पर उन्होंने सभी जरूरतमंदों होली का पर्व मनाने के लिए ₹50000 की राशि प्रदान की इसके साथ ही ओढ़ने और बिछाने के लिए सैकड़ो कंबल भी वितरित किए थे । जिसके कारण वह लगातार चर्चाओं में बने हुए हैं कुछ लोगों ने तो साफ तौर पर कहा है कि विधायक रोमी साहनी जनता का दर्द बांटने के लिए हर वक्त तैयार रहते हैं जिससे उनकी पहचान एक अलग विधायक के रूप में हुई है ।जिसके कारण जनता की खुशियों में चार चांद लगा दिये है ।

यह महज कोई कहानी नही बल्कि यह हकीकत है यह वहीं विधायक है जिन्होंने अपनी जनता को ना कि अपनी परिवार की तरह समझा है बल्कि उनके हर दुख दर्द को बांटने का पूरा सहयोग किया है ।
उल्लेखनीय है की पलिया विधानसभा 137 के भाजपा विधायक रोमी साहनी सबसे पहले इस विधानसभा में बहुजन समाज पार्टी ब स पा द्वारा टिकट लेकर मैदान में उतरे तो फिर विपक्षी पार्टी सपा को ऐसा लगा था कि समाजवादी पार्टी पूर्ण बहुमत से आ रही है तो इन पर जीत का सेहरा आ ही नही सकता और यही सोच दूसरी विपक्षी पार्टियों की भी थी, क्योंकि वह स्थानीय न होकर गोला निवासी हैं तो जनता उनको किसी कीमत पर नहीं चुन सकती । विपक्षी पार्टियों के अरमान धरे के धरे रह गए और जनता ने उनके सर पर जीत का सेहरा पहना दिया ।

आपको बता दें क्योंकि राजनीतिक शुरुआत की पहल तो काफी पहले ही शुरू हो चुकी थी परंतु किसी पार्टी में वह नहीं थे परंतु उनके संपर्क बसपा पार्टी के जुगल किशोर से थे जो कई बार बसपा पार्टी से विधायक और सांसद के पद पर भी रह चुके थे । जिन्हें बाद में किसी कारणवश पार्टी से निष्कासित कर दिया गया था । जुगल किशोर अक्सर उनकी धान मील जो कि गोला गोकर्णनाथ में हैं उसमें वह बहुजन समाज पार्टी का कार्यालय बनाते थे और रोमी साहनी सानी अक्सर मन और धन से पार्टी की पूरी मदद करते साथ ही आमजन की भी पूरी मदद करते थे। उनकी लगन और लोगों के प्रति दया का भाव रखने वाले रोमी साहनी को पहली बार बसपा पार्टी के द्वारा जुगल किशोर ने पलिया विधानसभा से टिकट लेकर मैदान में उतारा और उनकी राजनीतिक पहल की शुरुआत हुई ।देखा जाए तो पलिया विधानसभा सीट 2008 के परिसीमन के बाद अस्तित्व में आई थी। वर्ष साल 2012 में इस सीट के लिए पहली बार विधानसभा चुनाव हुए पहले चुनाव में इस सीट से बहुजन समाज पार्टी ने रोमी साहनी को ही चुना।

इस विधानसभा में चुनावी दौरे को पारकर जनता की मदद से पलिया विधानसभा पहुंचे तो लोगों के मन में एक कई सवाल उमड़ने ने घुमड़ने लगे किस चीज का सेहरा पहने के बाद क्या हुआ जनता का सहारा बन सकेंगे ? क्या वह लोगों के दर्द को समझने में कामयाबी हासिल करेंगे ? क्या वह क्षेत्र का विकास करेंगे? लेकिन जब उन्होंने अपनी बेहतरीन कार्यशैली का हुनर दिखाया तो विपक्षियों ने दांतो तले उंगलियां दबा लीं और वह न जाने कितने अखबारों और टीवी चैनलों की सुर्खियां बने और यही नहीं रोमी साहनी ने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी समाजवादी पार्टी (सपा) के कृष्ण गोपाल पटेल को 5959 वोट के अंतर से हरा दिया था ।बीजेपी के रामकुमार वर्मा तीसरे,तृणमूल कांग्रेस के बीएम सिंह चौथे और कांग्रेस के डॉक्टर विनोद तिवारी पांचवें स्थान पर रहे थे।
उसके बाद एक बार फिर ही चुनावी दौर शुरू हुआ परंतु उनके दुर्भाग्य ने अपनी कोशिश शुरू की और उन्हें मजबूरी वश बसपा पार्टी का परित्याग कर भारतीय जनता पाटीं का दामन थामना पड़ा। यहां कथित तौर पर हुई दुर्घटना उनके लिए किसी सदमे से
कम न थी क्योंकि शायद ही उन्हे पार्टी का टिकट मिल पाये परंतु उनकी किस्मत ने उनके साथ दिया और जनता की दुआएं काम आईं और एक बार फिर भारतीय जनता पार्टी के द्वारा विधायक का टिकट मिल गया परंतु एक बार फिर भाग विचलित हो गए क्योंकि इसका कारण मुस्लिम में समुदाय के लोगों द्वारा पार्टी के खिलाफ पहले नफरत थी जिन्हें शायद ही मुस्लिम समुदाय के लोगों का साथ मिल पाए परंतु यह उनका यह केवल सोचना मात्र था,उन्हें इस बार पूर्ण बहुमत से फिर जनता द्वारा जीत का सेहरा पहनाया गया और उन्होंने एक बार फिर अपनी बेहतरीन कार्य शैली से लोगों के दिलों में और भी ऊंचे पर स्थान पर बैठा दिया और वह पलिया विधानसभा सीट से 2017 के विधानसभा चुनाव में रोमी साहनी ने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी कांग्रेस के सैफ अली को 69228 वोट के बड़े अंतर से शिकस्त दी थी।बसपा के वीरेंद्र कुमार अग्रवाल तीसरे, राष्ट्रीय किसान मजदूर पार्टी के रामनरेश चौथे स्थान पर रहे थे । जिसके बाद 2022 में भी उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के में रहकर ही जीत का सेहरा पहना । हालांकि अभी भी उनका लोगों के बीच पहुंचकर दर्द बांटने का सिलसिला जारी है । जो काफी काबिले तारीफ है और लोगों के सबसे पसंदीदा विधायक के रूप में पहचाने जाने वाले विधायक साबित हए हैं ।

काफी वक्त पहले तो उनके द्वारा घर के बाहर लगा बोर्ड भी काफी चर्चाओं में रहा था जिस पर उन्होंने साफ तौर पर लिखवाया था कि दलालों और बेईमानों की सिफारिश करना सख्त मना है और इस स्लोगन ने क्षेत्र वासियों के दिलों पर एक अमिट छाप छोड़ी थी । तो वही उसके बाद भारतीय जनता पार्टी से वह लगातार विधायक बने हैं और अभी भी वह भारतीय जनता पार्टी के विधायक है ।





