
मामला नेपाल राष्ट्र के धनगढ़ी शहर में स्थित कैसीनो का बताया जाता है जहां 15 अगस्त को जुएं खाने में चल रही सुरा व सुन्दरी की महफ़िल के बीच स्टेज पर नाच रही नेपाली नर्तकियाँ रंगारंग गानों पर थिरक रही थीं, वहीं कुछ भारतीय खिलाड़ी जुआं खेल रहे थे तो कुछ रंगारंग महफ़िल का आनन्द उठा रहे थे। इसी बीच भारतीय स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर कसीनो के कलाकारों द्वारा रंगारंग प्रस्तुति के दौरान भारतीय तिरंगे के परिधान में मंच पर अश्लील नृत्य होने लगा और बैकग्राउंड में जन गण मन का गण चल रहा था यह नजारा देखते ही कसीनो में मौजूद भारतीय लोग आक्रोशित हो गये और उन्होंने हंगामा करना शुरू कर दिया मजबूरन कसीनो संचालकों को उक्त कार्यक्रम निरस्त किया करना पड़ा प्रत्यक्ष दर्शियों के अनुसार आधे घंटे बाद रंगारंग कार्यक्रम की महफिल दोबारा चालू हो सकी। लोगों के हंगामा के बीच कसीनो का तर्क था कि उक्त रंगारंग कार्यक्रम स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भारतीय लोगों के सम्मान में आयोजित किया गया है जबकि भारतीय जनमानस उसे राष्ट्रगान का उपहास बताकर विरोध कर रहा था।
जानकारों के अनुसार पहले ये कैसिनो सिर्फ नेपाल की राजधानी काठमांडू तक ही सीमित थे, लेकिन अब नेपाल सरकार लाइसेंस देकर इस कारोबार को भारत से लगे सीमांत क्षेत्रों तक पहुंचा दिया है।
महेंद्रनगर और धनगढ़ी समेत कई सीमांत शहरों में ई जुआ के ये केंद्र यानी कैसिनो खोले गए हैं, जो इन दिनों खासे गुलजार हैं।
जुआ खेलने वाले आसपास के क्षेत्रों से गाड़ियों में भर-भर कर पहुंच रहे हैं। खास बात यह कि कैसिनो में सिर्फ भारतीय या अन्य देशों के नागरिकों को ही प्रवेश की अनुमति है। नेपाल के नागरिकों का इसमें प्रवेश प्रतिबंधित है।
जुआ खेलने को यहां लगे दो रोलेट मशीन के अलावा ब्लैक जैक, डबल डायमंड, ट्रिपल लक्की, बीगटाईम प्ले, ट्रिपल कैश, ड्रेगोन, जै जान, मनी मैच, हैपर रोलेट, बीग टाईम्स प्ले, पोकर समेत करीब दो तीन दर्जन प्ले मशीनें लगी हैं, जो पूरी तरह कंप्यूटराइज्ड हैं।
रोलेट के ऊपर टीवी की तरह टच स्क्रीनें लगी हैं। एक बार में आठ व्यक्ति एक साथ खेल सकते हैं। रोलेट में शून्य से लेकर 36 तक नंबर होते हैं।
रोलेट में खेलने को नकदी देकर दस रुपए प्रति प्वाइंट के हिसाब से उतने प्वाइंट इन किए जाते हैं और फिर इन प्वाइंटों से नंबरों पर बीट लगानी होती है।
आपका नंबर खुल गया तो उस नंबर पर लगे प्वाइंटों का 36 गुना आप जीतेंगे। बताते हैं कि इन प्ले मशीनों की आपरेटिंग काठमांडू से ई नेटवर्क के जरिये होती बताई जाती है। हार-जीत का फर्क भी वहीं से तय होता है। लाखों भारतीयों को बर्बाद कर चुके कैसीनो में अपना सब कुछ लुटाने के बाद कई भारतीयों की मौत भी हो चुकी है।
लखीमपुर, सीतापुर, शाहजहां पुर, लखनऊ, गाजियाबाद, दिल्ली सुदुर क्षेत्रों से लेकर टनकपुर, बनबसा, खटीमा, चकरपुर, पलिया आदि नजदीकी क्षेत्रों की नई पीढ़ी को कैसिनो का चस्का चढ़ रहा है, कई धन्नासेठ कारोबारी बर्बादी के कगार पर हैं।
फेमा एक्ट के तहत भले ही पांच सौ रुपये के नोट नेपाल ले जाने और वहां से लाना कानूनी अपराध है, लेकिन कैसिनो में पांच सौ और हजार रुपए के नोट बेरोकटोक चलते हैं। खिलाड़ी भी पांच सौ रुपए के नोटों की गड्डियां बार्डर से बेरोकटोक लाते-ले जाते देखे जा सकते हैं।







