अवैध खनन का मुख्य केन्द्र बना कंधरापुर छेत्र
अवैध खनन का मुख्य केन्द्र बना कंधरापुर छेत्र

अवैध खनन का मुख्य केन्द्र बना कंधरापुर छेत्र

(पंकज शुक्ला)
गोलागोकर्णनाथ-खीरी। तहसील का ग्राम कोटवारा व कंधरापुर इस अवैध खननमाफ़ियों का मुख्य केन्द्र बन चुका है। दोनों गांवों के समीप से ही लखीमपुर तहसील क्षेत्र शुरू होता है। सेमरई गाँव में लाल बालू के टीलों एवं कृषि योग्य खेतों से अवैध खनन धड़ल्ले हो रहा है। जिस कारण छेत्र की सड़कों से निकलना मुश्किल हो गया है। सड़कों पर भारी भरकम वजन लाद कर ट्रालियों व डम्फरों के निकलने के कारण सड़कों पर 12 से 15 इंच तक के गहरे गड्ढे हो गये हैं। इन गड्ढों से बचने के लिए थोड़ी सी चूक सड़क पर पड़ी बालू से फिसल कर मोटरसाइकिल व साइकिल को गिरा सकती है। बच्चों को स्कूल जाने में तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई लोगों ने तो अपने बच्चों को विद्यालय भेजना भी बन्द कर दिया है। गन्ने का सीजन शुरू होने के कारण किसानों को गन्ने की भरी ट्रालियों एवं बैलगाड़ियों के पलटने का बहुत बड़ा खतरा बना हुआ है। गोला जाने के लिए जड़ौरा, कपरहा, बांसगांव, देवकली, मदारपुर बसही, देवरिया, शेरपुर, कोरैया, सकेतू, कोडरी, जमालपुर व कंधरापुर सहित दर्जनों गांवों के लिए यही एक मात्र मुख्य मार्ग है। जिस कारण इस मार्ग पर वाहनों का आना जाना लगातार जारी रहता है। इसके अलावा शेरपुर सेमरई होकर जाने वाली सड़क पर भी मिट्टी भरी ट्रालियों ने निकलना दूभर कर रखा है। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस एवं सम्बन्धित अधिकारी की मिलीभगत से यह अवैध खनन हो रहा है, जिस कारण इस पर अंकुश नहीं लग पा रहा है।






