वन स्टॉप सेन्टर द्वारा छह माह बाद अपने परिवार से मिली महिला
परिवार से मिलकर खुश नजर आई पीड़िता, परिजनों ने वन स्टॉप सेन्टर का जताया आभार

वन स्टॉप सेन्टर द्वारा छह माह बाद अपने परिवार से मिली महिला
– परिवार से मिलकर खुश नजर आई पीड़िता, परिजनों ने वन स्टॉप सेन्टर का जताया आभार

लखीमपुर-खीरी। जिला प्रोबेशन अधिकारी के निर्देशानुसार कार्य करते हुए वन स्टॉप सेंटर द्वारा पुनः एक पीड़ित महिला को उसके परिवार से मिलवाया गया।
बता दें कि यह घटना दिनांक बीती चार फरवरी 2024 की है। जब पुलिस रेस्क्यू वैन 2850 द्वारा एक महिला को ग्राम नानकपुरवा के पास से संदिग्ध अवस्था में रेस्क्यू किया गया था। उसके बाद थाना कोतवाली सदर के निर्देश पर पीड़िता को वन स्टॉप सेंटर में आश्रय दिलवाया गया था। महिला के सामान्य होने पर जब काउंसलिंग की गई तो पता चला कि पीड़िता का नाम रीता है और वह पिछले 6 माह से अपने परिवार से अलग होकर दर-दर भटक रही है। वन स्टॉप सेंटर द्वारा सोशल साइट्स के माध्यम से पीड़िता की फोटो विभाग द्वारा संचालित विभिन्न ग्रुपों में शेयर किया गया था। तब पता चला कि पीड़िता जिला बिजनौर के थाना नूरपुर की रहने वाली है। उक्त थाने से संपर्क करने पर पीड़िता के परिवार की पूरी जानकारी सामने आई। केंद्र द्वारा थाने के माध्यम से परिवार से संपर्क किया गया, जिससे ज्ञात हुआ कि महिला अपने पति बलजीत की मृत्यु के बाद से मानसिक अवस्था से सही नहीं थी। वह घर से पिछले 6 माह से लापता हो गई थी। परिवार द्वारा पीड़िता की तलाश की जा रही थी, लेकिन कोई सुराग नहीं मिल पा रहा था। नूरपुर थाना एवं बिजनौर वन स्टॉप सेंटर के सहयोग से पीड़िता के परिवार वाले शहर के वन स्टॉप सेंटर पर उपस्थित हुए और अपनी पहचान से संबंधित समस्त दस्तावेज प्रस्तुत किए। पीड़िता को उसकी बहन राजेश्वरी पत्नी रामपाल निवासी अमरोहा कोठी थाना नूरपुर जिला बिजनौर की सुपुर्दगी में दिया गया है। लगभग 6 माह बाद पीड़िता अपने पुत्र किरण से मिली। मां बेटे एक दूसरे से मिलकर अत्यंत खुश हुए और उन्होंने वन स्टॉप सेंटर का आभार व्यक्त किया।






