गोविन्द सदन के प्रमुख सेवादर बाबा भूपेंद्र सिंह की अंतिम अरदास व श्रद्धांजलि सभा में पहुँचे हजारों श्रद्धालुजन
बाबा भूपेंद्र सिंह का देहावसान गोविन्द सदन परिवार की अपूर्णीय क्षति : बाबा गगनदीप सिंह


सेवा व समर्पण की मिशाल बने बाबा भूपेन्द्र सिंह : बाबा गगनदीप सिंह
बाबा भूपेंद्र सिंह का देहावसान गोविन्द सदन परिवार की अपूर्णीय क्षति : बाबा गगनदीप सिंह
– गोविन्द सदन के प्रमुख सेवादर बाबा भूपेंद्र सिंह की अंतिम अरदास व श्रद्धांजलि सभा में पहुँचे हजारों श्रद्धालुजन
लखनऊ।(निरजेश मिश्रा/विकास दीक्षित)
बाबा भूपेंद्र सिंह का देहावसान गोविन्द सदन परिवार की अपूर्णीय क्षति है वह सेवा व समर्पण की मिशाल के रूप में हम सभी के हृदय में सदैव निवास करेंगे उक्त उद्गार सर्वधर्म सद्भाव के विश्वविख्यात आघ्यात्मिक केंद्र गोविन्द सदन दिल्ली के प्रमुख सेवादार स्व0 बाबा भूपेंद्र सिंह के अंतिम भोग व अरदास के पश्चात साधु संगत को संबोधित करते हुये सेक्टर 39 C चंडीगढ़ के
नानक सागर साहिब गुरुद्वारे में गोविन्द सदन दिल्ली के उत्तराधिकारीबाबा गगनदीप सिंह ने देवलीन सन्त को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुये व्यक्त किये। गोविन्द सदन के बाबा हरदीप सिंह ने साधु संगत को धैर्यपूर्वक पूर्वक दुःखद क्षणों का सामना करने का आह्वान करते हुये कहा कि सन्त का अंत नहीं होता वह हमेशा अपने सद्कार्यों के लिये जगत को प्रकाशित करते रहते हैं।
उल्लेखनीय है कि वृद्धावस्था के चकते दस नवम्बर को चलते बीते दस नवंबर को 73 वर्ष की अवस्था में दुःखद देहावसान हो गया, उनके पैतृक निवास रोपड़ जिला चंडीगढ़ के निकट गोविन्द सदन के संस्थापक देवलीन परमसन्त बाबा विरसा सिंह के उत्तराधिकारी बाबा गगनदीप सिंह द्वारा तेरह नवम्बर को मुखग्नि प्रदान की गई।
बताते चलें कि 09 अक्टूबर 1952 को जन्मे स्व0 बाबा भूपेंद्र सिंह 40 वर्ष पहले बाबा जी गोविन्द सदन से चलकर जनपद पीलीभीत आये थे जहाँ खीरी पीलीभीत और शाहजहां पुर के त्रिआयामी सीमा के चलतुआ ग्राम में प्रवास पर आए थे तब से यहीं रहकर महाराज बाबा विरसा सिंह की अनुमति से भव्य चलतुआ आश्रम का निर्माण किया जहाँ विशाल हवन कुंड तथा एक दिव्य गुरुद्वारा साहिब का निर्माण बाबाजी की देखरेख में हुआ। आश्रम बाबा के धुंने पर देसी घी व हवन सामग्री से चौबीसों घण्टे हवन होता रहता है तथा मंगलवार को हनुमान जी का रोट चढ़ता है, वहीं अन्य दिनों में विधिवत पूजापाठ व अरदास आदि होती हैं। लंबी बीमारी के बाद बाबा भूपेंद्र सिंह ने पीलीभीत के एक अस्पताल में अंतिम साँस लेते हुये अपना शरीर छोड़ा था, उनका पार्थिव शरीर 10 तारीख को पहले चलतू आ आश्रम पर लाया गया जहां हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने बाबा के चरणकमलों में अपने श्रद्धा सुमन अर्पितकर अपनी श्रद्धांजलि दी गयी थी ततपश्चात पश्चात बाबा जी का पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव पंजाब ले जाया गया था।
अंतिम अरदास व श्रधांजली सभा के दौरान गोविन्द सदन की प्रमुख सेवादार मैरी पैट फिशर, प्रेमपाल सिंह, बाबा जोगिंदर सिंह, सुखवीर सिंह,वरिष्ठ पत्रकार मुकेश दत्त शर्मा, चर्चिल सिंह, बिट्टा, पंजाब पुलिस से सेवानिवृत्त वरिष्ठ पुलिस अधिकारी
बक्शीश सिंह,गोविन्द सदन आश्रम, गुरदासपुर संगत ,शिव सदन गढ़ मुक्तेश्वर आश्रम, चंडीगढ़ आश्रम, चलतू आ आश्रम सहित विभिन्न आश्रमों से आये हजारों सेवादारों द्वारा भोग अरदास में सम्मिलित होकर नम आंखों से श्रंद्धांजलि दी गयी।






